विशेषांक

Special Editions on Various Occasions (विभिन्न अवसरों पर निकाले गये विशेषांक)

फ्यूंलडि़ और अंयार कुटा

फ्यूंलडि़ और अंयार कुटा

अंकिता रासुरी फाल्गुन के महीने में फ्यूंली के फूल खिलने शुरू हो जाते हैं। गुच्छों के रूप में खिलने वाले ये पीले रंग फूल चैत के महीना आते-आते हर जगह नजर आने लगते हैं। सामान्यतः मुझे पीला रंग बहुत पंसद नहीं है लेकिन इसका पीलापन जिंदगी में खेतों की धूल-मिट्टी की तरह रचा बसा है। […]

(Untitled)

  हरजी सकल अयोध्या पानन छाजे। बमना छाजत नाई। हरजी इस बामन के धोखे दषरथ। बाँस कटन को जाय हरजी दषरथ राजा मछली ब्योतैं। अंगूठा लागी फाँस। हरजी दषरथ राजा की तीनों रनियाँ। रहना नींद न होय हरजी पहलो पहरा रानी कौषल्या। रहना नीद न होय हरजी दूसरो पहरा रानी सुमित्रा। रहना नींद न होय […]